हनुमान पचासा और हनुमान कृपाष्‍टक के बाद अब हनुमान जी की आरती भी

मेरे ब्‍लॉग में आप पहले से हमारे मित्र और पडोसी पं श्रद्धानंद पांडेय जी का हनुमान पचासा और हनुमान कृपाष्‍टक पढ चुके हैं। वैसे तो उनकी बहुत सारी अन्‍य रचनाएं भी प्रकाशित हो चुकी है , यहां तक कि भोजपुरी में रामचरित मानस तक भी , पर मेरे पास उनकी जो पुस्‍तक है , उसमें हनुमान जी की आरती भी लिखी है , जो आज प्रस्‍तुत कर रही हूं .... ......

जय महावीर मारूतनंदन ,
आरती नमन स्‍वीकार करो।
संकटमोचन संकट हर लो ,
बबाधाओं का प्रतीकार करो।।

सागर को पार किया तुमने,
अरिपुर को छार किया तुमने ,
सबका उपकार किया तुमने ,
इस जन का भी उद्धार करो।।

जय कपिवर द्राणाचलधारी ,
ररघुनायक तक हैं आभारी ,
शरणागत के दुख भयकारी ,
सुखमय सबका संसार करो।।

बलवान निरोग रहे काया,
व्‍यापे न कभी कलि की माया,
मन हो प्रभुपद में लपटाया,
ऐसा वरदान उदार करो।।


-----------------------------------------------------
चंद्र-राशि, सूर्य-राशि या लग्न-राशि से नहीं, 
जन्मकालीन सभी ग्रहों और आसमान में अभी चल रहे ग्रहों के तालमेल से 
खास आपके लिए तैयार किये गए दैनिक और वार्षिक भविष्यफल के लिए 
Search Gatyatmak Jyotish in playstore, Download our app, SignUp & Login
------------------------------------------------------
अपने मोबाइल पर गत्यात्मक ज्योतिष को इनस्टॉल करने के लिए आप इस लिंक पर भी जा सकते हैं ---------
https://play.google.com/store/apps/details?id=com.gatyatmakjyotish

नोट - जल्दी करें, दिसंबर 2020 तक के लिए निःशुल्क सदस्यता की अवधि लगभग समाप्त होनेवाली है।
----------------------------------------------------------------------------------------------------
हनुमान पचासा और हनुमान कृपाष्‍टक के बाद अब हनुमान जी की आरती भी हनुमान पचासा और हनुमान कृपाष्‍टक के बाद अब हनुमान जी की आरती भी Reviewed by संगीता पुरी on अक्तूबर 13, 2010 Rating: 5

11 टिप्‍पणियां:

डॉ. मोनिका शर्मा ने कहा…

Bajrang bali ki sunder stuti...

संगीता स्वरुप ( गीत ) ने कहा…

बहुत अच्छी स्तुति

विष्णु बैरागी ने कहा…

हनुमान और गणेश, दोनों ही देवता, लोकउध्‍दारक हैं।

Satish Saxena ने कहा…

आनंद आ गया संगीता जी ! कंठस्थ योग्य आरती है यह ! श्रद्धानंद पाण्डेय जी को को मेरी हार्दिक शुभकामनायें !

निर्मला कपिला ने कहा…

बहुत सुन्दर आर्ती है। धन्यवाद।

ताऊ रामपुरिया ने कहा…

बहुत सुंदर, दुर्गा अष्टमी एवम दशहरा पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं.

रामराम

Asha Joglekar ने कहा…

सुंदर आरती । बोल बजरंग बली की जय ।

गिरीश बिल्लोरे मुकुल ने कहा…


विजयादशमी पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं

आपकी पोस्ट ब्लॉग4वार्ता पर

Unknown ने कहा…

बहुत सुंदर.
दशहरा की हार्दिक बधाई ओर शुभकामनाएँ...

वन्दना अवस्थी दुबे ने कहा…

विजयादशमी की अनन्त शुभकामनायें.

ZEAL ने कहा…

.

जय महावीर मारूतनंदन ,
आरती नमन स्‍वीकार करो।
संकटमोचन संकट हर लो ,
बबाधाओं का प्रतीकार करो।।

अति उत्तम स्तुति।

.

Blogger द्वारा संचालित.